केकेसी चेयरमैन डॉ. उदित राज के नेतृत्व में एर्नाकुलम में भव्य संगठनात्मक बैठक संपन्न; एकजुटता का दिया संदेश

एर्नाकुलम, केरल 15 मार्च (उपसंपादक: सतीश वागरे ) देश के वंचितों, शोषितों और कर्मचारियों की बुलंद आवाज, केकेसी के राष्ट्रीय चेयरमैन डॉ. उदित राज की गरिमामयी उपस्थिति में आज केरल के एर्नाकुलम में एक महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। डॉ. उदित राज के कार्यक्रम में पहुँचते ही कार्यकर्ताओं ने जिस उत्साह और गर्मजोशी से उनका स्वागत किया, उसने यह स्पष्ट कर दिया कि संगठन के प्रति निष्ठा और डॉ. साहब के नेतृत्व पर अटूट विश्वास ही केकेसी की असली शक्ति है।

बैठक को संबोधित करते हुए डॉ. उदित राज ने अपने चिरपरिचित बेबाक अंदाज में कर्मचारियों के अधिकारों और सामाजिक न्याय की लड़ाई को और तेज करने का आह्वान किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जब तक समाज के अंतिम पायदान पर खड़ा व्यक्ति और देश की प्रगति में अपना पसीना बहाने वाला कर्मचारी सशक्त नहीं होता, तब तक लोकतंत्र की जड़ें मजबूत नहीं होंगी।

डॉ. उदित राज के दूरदर्शी विजन ने न केवल पदाधिकारियों में नई ऊर्जा भरी, बल्कि भविष्य की चुनौतियों के लिए एक ठोस रणनीतिक रोडमैप भी तैयार किया। डॉ. उदित राज के साथ मंच पर संगठन के अन्य स्तंभों ने भी अपनी बात रखी। राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर वेणुगोपाल स्वामी ने संगठन को और अधिक समावेशी बनाने पर जोर दिया, वहीं एन. विजय कुमार (राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर) ने डॉ. उदित राज के नेतृत्व में राष्ट्रव्यापी आंदोलन की आवश्यकता बताई। राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य शीबा रामचंद्रन और अब्दुल रहीम ने भी अपने विचारों से कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन किया और संगठन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

बैठक का मुख्य केंद्र बिंदु संगठनात्मक ढांचे को मजबूती प्रदान करना और कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए एक अभेद्य दीवार खड़ी करना रहा। वक्ताओं ने एक सुर में स्वीकार किया कि डॉ. उदित राज का अनुभव और उनका जुझारूपन ही आज के दौर में कर्मचारियों और वंचित वर्गों को एक मंच पर लाने का सबसे बड़ा सूत्रधार है। अंत में, उपस्थित सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने डॉ. उदित राज के मार्गदर्शन में संगठन को नई ऊंचाइयों पर ले जाने और सामाजिक न्याय के संकल्प को पूरा करने की शपथ ली।